हनुमान जयंती कब है? Hanuman Jayanti 2026 Kab Hai, जाने शुभ मुहूर्त, पूजा विधि

Hanuman Jayanti 2026 Kab Hai: नमस्कार मित्रो मैं हु मुकेश यादव मैने इस लेख के माध्यम से बताया हूँ कि साल 2026 में इस बार हनुमान जयंती कब मनाई जाएगी, पूजा की सही तिथि, शुभ मुहर्त, पूजा विधि, और इस दिन और इस दिन क्या करे, क्या ना करे बारे में जानेंगे ! आईये जानते है। हनुमान जयंती का पर्व हर साल बड़ी ही धूमधाम के साथ मनाया जाता है हनुमान जयंती भगवान हनुमानजी के जन्मदिन के रूप में मनाई जाती है।

हर साल हनुमान जयंती चैत्र मास की पूर्णिमा को मनाई जाती है। तो कही पर हनुमान का पर्व कार्तिक मास के कृष्णपक्ष के चौदवें दिन भी मनाई जाती है। मान्यता है कि आज के जो भी भक्त हनुमान जी की सच्चे मन से पूजा पाठ करते है तो उनकी सभी मनोकामना की पूर्ति होती है। ही आने वाली सभी प्रकार की विघ्न बाधाएं दूर होती है। शास्त्रो के अनुसार हनुमान जी भगवान शिवजी के ग्यारहवे अवतार के रूप में जाना है। इसलिए आज के दिन हनुमान जी की पूजा करने के साथ-साथ भगवान शिव जी की पूजा करने का विधान है।

Hanuman Jayanti 2026 Kab Hai – हनुमान जयंती कब है 2026

दोस्तों अब आईये जानते है साल 2026 में चैत्र मास की पूर्णिमा 02 अप्रैल गुरुवार को मनाई जा रही है। 2026 में चैत्र पूर्णिमा तिथि 1 अप्रैल 2026, सुबह 08:14 बजे से शुरू होकर 2 अप्रैल 2026, सुबह 10:05 बजे तक रहेगी। ज्योतिषीय मान्यताओं को देखते हुए उदया तिथि के अनुसार हनुमान जयंती 2026 की डेट 2 अप्रैल की रहेगी। इस दिन पूजा का सबसे शुभ समय 2 अप्रैल की सुबह सूर्योदय के बाद का रहेगा।

हनुमान जयंती पूजा विधि Hanuman Jayanti Puja Vidhi

हनुमान जयंती के दिन पवन पुत्र हनुमान जी की पूजा अर्चना करना मंगलकारी माना जाता है। मान्यता है कि इस दिन हनुमान जी की कृपा पाने के लिए इस प्रकार करें करना चाहिए। हनुमान जयंती के दिन व्रत से एक दिन पहले से ही बेड, चारपाई पर सोना नही चाहिए बल्कि हो सके तो इस दिन जमीन पर हो सोना चाहिए। और सोते समय श्रीराम और माँ सीता सहित हनुमान जी का स्मरण करना चाहिए। और व्रत के अगके दिन यानी कि हनुमान जयंती (Hanuman Jayanti) के दिन प्रातःकाल जल्दी उठकर पुनः एक बार फिर भगवान राम जी और माता सीता व हनुमान जी को याद करें। इसके पश्चात हाथ में गंगाजल लेकर व्रत का संकल्प लें। इसके बाद पूर्व की ओर भगवान हनुमान जी की प्रतिमा को स्थापित करें। और विनम्र भाव से बजरंगबली की प्रार्थना करें। इसके बाद षोडशोपाचार की विधि विधान से श्री हनुमानजी की पूजा आराधना करें।

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हनुमान जयंती पर क्या करे

  • हनुमान जयंती के दिन भगवान हनुमान जी की पूजा अर्चना करने के बाद बंदरो को गुड़ जरूर खिलना चाहिए। ऐसा करने से हनुमान जी सीघ्र प्रसन्न होते है।
  • हनुमान जयंती (Hanuman Jayanti) के दिन सभी व्रत रखने वालों को ब्रह्मचर्य का पालन करना चाहिए। और हनुमान जी की पूजा में लाल रंग के फूल, शुद्ध देसी घी या तिल के तेल का प्रयोग अवश्य करना चाहिए।
  • हनुमान जयंती के दिन सुंदर कांड, बजरंग बाण, और रामयण का पाठ करने से विशेष लाभ प्राप्त होता है
  • हनुमान जयंती के दिन हनुमानजी को लाल चोला, चमेली का तेल, सिंदूर, गुड़-चना, लड्डू, तुलसी पत्ते और लाल फूल अर्पित करना अत्यंत शुभ माना जाता है।
  • यह दिन आत्मबल बढ़ाने, नकारात्मक ऊर्जा दूर करने और जीवन में नई सकारात्मक शुरुआत करने के लिए उत्तम माना जाता है।
  • हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर भक्तों को हनुमान मंदिर जाकर 11 बार हनुमान चालीसा का पाठ करने की सलाह दी जाती है। इसके बाद गुलाबों की माला अर्पित करें और चमेली के तेल में दो लौंग डालकर दीपक जलाएं। ऐसा माना जाता है कि यह उपाय अनावश्यक घरेलू खर्चों को कम करने और आर्थिक स्थिरता लाने में सहायक होता है।

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